स्वप्नदोष
यदि रात को सोते समय किसी काल्पनिक स्त्री से मैथुन क्रिया करने के पश्चात् वीर्य स्खलित हो जाए तो यह स्वप्नदोष कहलाता है . महीने में एक - दो बार स्वप्नदोष का होना , रोग नहीं माना जाता . लेकिन अधिक बार होने से यह रोग हो जाता है . यदि समय पर इस रोग का इलाज न किया जाए तो यह मधुमेह जैसे भयानक रोग में बदल जाता है . कारण . गरिष्ठ भोजन करने , गंदी पुस्तकें पढ़ने , अश्लील फिल्मों को देखने , निरंतर विषय - भोग की बातें करने , कामोत्तेजक विचारों में डूबे रहने , हस्तमैथुन में रुचि रखने तथा उत्तेजक पदार्थों का सेवन अधिक करने के कारण युवाओं को स्वप्नदोष होने लगता है . पहचान . स्वप्नदोष होने के कारण शरीर में क्षीणता , चेहरे पर मायूसी , मस्तिष्क में कमजोरी , आंखें भीतर की ओर धंसी हुई , कायरता , सिर में दर्द एवं भारीपन , थकावट , कब्ज , शरीर टूटना , बैठे - बैठे ऊंघना , मैथुन शक्ति का ह्लास , उत्तेजना , बात - बात में क्रोध करना आद...